हरिद्वार,(कमल शर्मा) हिल बाईपास रोड, खड़खड़ी स्थित उत्तरी हरिद्वार की प्रख्यात धार्मिक संस्था श्री गंगा भक्ति आश्रम के तत्वाधान में गंगा दशहरा के पावन अवसर पर विशाल संत भंडारे एवं धार्मिक कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम में धर्मनगरी हरिद्वार के समस्त संत समाज, श्रद्धालुओं एवं भक्तजनों ने बढ़-चढ़कर सहभागिता करते हुए पुण्य लाभ प्राप्त किया।

पूरा आश्रम भक्तिमय वातावरण, गंगा मैया के जयघोष और संतों के आशीर्वचनों से गुंजायमान रहा। श्रद्धालुओं ने संतों का आशीर्वाद प्राप्त कर गंगा दशहरा पर्व को श्रद्धा एवं उल्लास के साथ मनाया।

इस अवसर पर पूज्य स्वामी कमलेशानन्द जी महाराज ने कहा कि “गंगा दशहरा केवल एक पर्व नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, सनातन परंपरा और आस्था का महान उत्सव है। मां गंगा मानव जीवन को पवित्र करने वाली दिव्य शक्ति हैं। हमें गंगा की स्वच्छता, पवित्रता और संरक्षण का संकल्प लेना चाहिए। संत सेवा और भंडारा भारतीय संस्कृति की आत्मा है, जिससे समाज में प्रेम, सद्भाव और धर्म की भावना मजबूत होती है।”

उन्होंने आगे कहा कि गंगा तट पर होने वाले धार्मिक आयोजन समाज को आध्यात्मिक ऊर्जा प्रदान करते हैं और नई पीढ़ी को सनातन संस्कृति से जोड़ने का कार्य करते हैं।
कार्यक्रम में उपस्थित संत महात्माओं ने भी गंगा महिमा का वर्णन करते हुए श्रद्धालुओं को धर्म, सेवा और संस्कारों के मार्ग पर चलने का संदेश दिया। भंडारे में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया।




