महारानी संगीता हरमिलापी बोलीं— “योग और संतुलित प्रोटीन स्वस्थ जीवन की मजबूत नींव हैं”
हरिद्वार (कमल शर्मा)। श्री हरमिलाप भवन, हरिद्वार में शुक्रवार को 119वें वार्षिक यज्ञोत्सव का शुभारंभ श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास के साथ हुआ। प्रातःकाल योग साधना से कार्यक्रम की शुरुआत हुई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर तन-मन को स्वस्थ रखने का संदेश ग्रहण किया। इसके उपरांत श्री रामायण जी एवं श्री गुरुगाथा जी के पाठ का शुभारंभ हुआ।

यज्ञोत्सव के प्रथम दिवस आयोजित विशेष स्वास्थ्य संगोष्ठी “स्वस्थ शरीर की नींव—प्रोटीन की सही समझ” में प्रोटीन के महत्व, संतुलित आहार तथा स्वस्थ जीवनशैली पर विस्तार से जानकारी दी गई। वक्ताओं ने बताया कि प्रोटीन केवल एक आधुनिक ट्रेंड नहीं, बल्कि प्रत्येक व्यक्ति के शरीर की आवश्यक जरूरत है और संतुलित भोजन के साथ नियमित योग जीवन को निरोग एवं ऊर्जावान बनाता है।

इस अवसर पर महारानी संगीता हरमिलापी ने कहा कि वर्तमान समय में लोग स्वास्थ्य के प्रति जागरूक तो हो रहे हैं, लेकिन सही जानकारी का होना भी उतना ही आवश्यक है। उन्होंने कहा, “नियमित योग शरीर, मन और आत्मा को संतुलित करता है, जबकि संतुलित मात्रा में प्रोटीन शरीर को शक्ति, रोग प्रतिरोधक क्षमता और नई ऊर्जा प्रदान करता है। यदि योग, सात्विक भोजन और आध्यात्मिक जीवन को अपनाया जाए तो स्वस्थ एवं सुखी समाज का निर्माण संभव है।”
दोपहर में प्रथम गुरुदेव सत् श्री हरमिलाप साहिब जी की गौरवगाथा का श्रद्धापूर्वक वर्णन किया गया, जिसे सुनकर श्रद्धालु भावविभोर हो उठे। सायंकाल श्री कष्ट निवारण पाठ के उपरांत श्री हरमिलाप मिशन, श्री हरमिलाप मिशन इंटर कॉलेज मेरठ तथा श्री हरमिलाप मिशन स्कूल कानपुर के विद्यार्थियों ने सजीव लीला मंचन एवं आकर्षक नृत्य-नाटिका प्रस्तुत कर उपस्थित श्रद्धालुओं का मन मोह लिया।
पूरे दिन श्री हरमिलाप भवन श्रद्धालुओं से गुलजार रहा। देश के विभिन्न राज्यों से पहुंचे गुरु भक्तों ने सत्संग, सेवा और आध्यात्मिक वातावरण का लाभ उठाते हुए आयोजन की भव्यता की सराहना की। तीन दिवसीय वार्षिक यज्ञोत्सव के आगामी कार्यक्रमों में भजन संध्या, रक्तदान शिविर, संत सत्संग एवं विशाल ब्रह्मभोज का आयोजन किया जाएगा।





