हरिद्वार स्थित संत मंडल आश्रम में श्रद्धा, भक्ति और सेवा भाव के साथ विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। इस पावन अवसर पर बड़ी संख्या में संत-महात्माओं, श्रद्धालुओं एवं स्थानीय लोगों ने प्रसाद ग्रहण कर पुण्य लाभ अर्जित किया। पूरा आश्रम परिसर भक्ति संगीत और जयघोष से गुंजायमान रहा।
कार्यक्रम के दौरान स्वामी राम मुनि जी महाराज ने उपस्थित संतों को आदरपूर्वक दक्षिणा प्रदान कर उनका सम्मान किया। उन्होंने अपने आशीर्वचन में कहा कि—
“भंडारा केवल भोजन का आयोजन नहीं, बल्कि सेवा, समर्पण और मानवता का उत्सव है। संतों की सेवा करने से जीवन में सुख, शांति और आध्यात्मिक उन्नति प्राप्त होती है। हमें सदैव जरूरतमंदों की सहायता और धर्म के मार्ग पर चलने का संकल्प लेना चाहिए।”
स्वामी राम मुनि जी महाराज के इस प्रेरणादायक संदेश ने सभी श्रद्धालुओं को सेवा और सद्भावना के मार्ग पर अग्रसर होने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम के अंत में सभी ने मिलकर धर्म, समाज और राष्ट्र की उन्नति के लिए प्रार्थना की।
इस भव्य आयोजन ने एक बार फिर साबित किया कि संत परंपरा आज भी समाज को जोड़ने और सकारात्मक ऊर्जा देने का कार्य कर रही है।
हरिद्वार में भक्ति और सेवा का संगम: संत मंडल आश्रम में भव्य भंडारे का आयोजन



