हरिद्वार। कमल शर्मा/उत्तरी हरिद्वार स्थित श्री जनार्दन आश्रम, हिल बाईपास रोड खड़खड़ी के परमाध्यक्ष महंत हर्ष दास महाराज की सानिध्य में साकेतवासी श्रीमहंत रामचरण दास त्यागी जी महाराज की सत्रहवीं भंडारा एवं विशाल श्रद्धांजलि सभा का आयोजन श्रद्धा और भक्ति भाव के साथ किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता श्रीमहंत विष्णुदास महाराज ने की, जबकि संचालन महंत रवि देव शास्त्री महाराज ने किया। श्री जनार्दन आश्रम के परमाध्यक्ष महंत हर्ष दास महाराज एवं श्रद्धालु भक्त धर्म सिंह ने सभी संतो महंतो महामण्डलेश्वरों का माल्यार्पण कर स्वागत किया। इस अवसर पर संत-महंतों, श्रद्धालु भक्तों और स्थानीय नागरिकों की बड़ी संख्या उपस्थित रही।

श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए श्रीमहंत विष्णुदास महाराज ने कहा कि साकेतवासी श्रीमहंत रामचरण दास त्यागी जी महाराज त्याग, तपस्या, सरलता और सहजता की साक्षात प्रतिमूर्ति थे। उन्होंने अपना संपूर्ण जीवन भगवान श्रीराम और श्री हनुमान की भक्ति में समर्पित कर दिया। उनका जीवन समाज के लिए प्रेरणास्रोत रहा है। वे मृदुभाषी, मिलनसार और हंसमुख स्वभाव के धनी थे, जिनकी वाणी और व्यवहार से हर व्यक्ति प्रभावित होता था। उन्होंने सदैव देश और समाज के कल्याण के लिए मंगलकामनाएं कीं और सनातन धर्म के प्रचार-प्रसार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

बाबा हठयोगी ने अपने संबोधन में कहा कि श्रीमहंत रामचरण दास महाराज एक उच्च कोटि के संत थे, जिनका जीवन अनुशासन, साधना और सेवा का अद्भुत संगम था। उन्होंने अपने आचरण से यह सिद्ध किया कि सच्चा संत वही है जो समाज के उत्थान के लिए निरंतर कार्य करता रहे। उनके दिखाए मार्ग पर चलकर ही हम उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि अर्पित कर सकते हैं।

श्री जनार्दन आश्रम के परमाध्यक्ष महंत हर्ष दास महाराज ने कहा कि उनके पूज्य गुरुदेव का जीवन हम सभी के लिए मार्गदर्शक है। उन्होंने कहा कि गुरुदेव के बताए आदर्शों पर चलकर आश्रम और समाज को समर्पित भाव से आगे बढ़ाना ही उनका संकल्प है। सनातन धर्म और संस्कृति के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए आश्रम निरंतर कार्य करता रहेगा। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से आह्वान किया कि वे धर्म और सेवा के कार्यों में सक्रिय भागीदारी निभाएं।
कार्यक्रम के दौरान संतों और श्रद्धालुओं द्वारा भजन-कीर्तन किया गया, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा। इसके उपरांत विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया।
इस अवसर पर महामंडलेश्वर स्वामी प्रबोधानंद गिरि,महामंडलेश्वर रामानुज सरस्वती, महामंडलेश्वर राममुनि महाराज, महामंडलेश्वर विवेकानन्द महाराज,महामंडलेश्वर ईश्वर दास,
बाबा हठयोगी, महामंडलेश्वर जनार्दन दास,श्रीमहंत दुर्गादास,श्रीमहंत सूरजदास,महंत केशवानंद,महंत सत्यव्रतानंद महाराज,महंत प्रह्लाददास,महंत दिनेशदास,महंत राजकुमारदास,महंत ओमानंद, पार्षद महावीर वशिष्ठ पूर्व पार्षद अनिरुद्ध भाटी सहित विभिन्न अखाड़ों के सैकड़ों संत-महंत, पर कार्यकर्ता एवं क्षेत्र के गणमान्यलोगों ने उपस्थित रहे। सभी ने साकेतवासी श्रीमहंत रामचरण दास त्यागी जी महाराज के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनके आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने का संकल्प लिया



