धोखाधड़ी, कूटरचित संपत्ति सौदों और झूठे मुकदमों की धमकी देने वाले गिरोह के विरुद्ध थाना रानीपुर में प्रथम सूचना रिपोर्ट (FIR) दर्ज


दिनांक: 21 सितंबर 2026

धोखाधड़ी, कूटरचित संपत्ति सौदों और झूठे मुकदमों की धमकी देने वाले गिरोह के विरुद्ध थाना रानीपुर में प्रथम सूचना रिपोर्ट (FIR) दर्ज

हरिद्वार के रानीपुर क्षेत्र स्टिथ सुमन नगर में कूटरचित दस्तावेजों के आधार पर फर्जी संपत्ति दिखाकर धन हड़पने, झूठे मुकदमों में फंसाने की धमकी देने और आपराधिक कृत्य करने के मामले में पुलिस प्रशासन द्वारा भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की गंभीर धाराओं के तहत प्रथम सूचना रिपोर्ट (FIR No. 0325/2026) दर्ज की गई है।

यह कार्रवाई पीड़िता श्रीमती रानी गोस्वामी (पत्नी श्री शुभम भारती) निवासी ग्रीनवैली, सुमन नगर, रानीपुर द्वारा दी गई लिखित तहरीर के आधार पर की गई है।

तस्वीर में दिख रहे आरोपियों का विवरण:
(संलग्न तस्वीर: आरोपी देवेन्द्र शाही एवं उनकी पत्नी पूजा शाही)

  • नाम: देवेन्द्र शाही (पुत्र श्री शिवकुमार)
  • नाम: पूजा शाही (पत्नी श्री देवेन्द्र शाही)
  • पता: रोड नं. 5, ग्रीनवैली फेस-08, सुमन नगर, रानीपुर, हरिद्वार

मामले का संक्षिप्त विवरण एवं कार्यप्रणाली:
दर्ज प्राथमिकी के अनुसार, आरोपियों ने पीड़िता को 2262 वर्ग फीट क्षेत्रफल के तीन भूखंडों (प्लाटों) का फर्जी मालिक बताकर ₹16,68,600/- में सौदा तय किया था। पीड़ित पक्ष से ₹3,20,000/- ऑनलाइन तथा ₹1,00,000/- नकद (कुल ₹4,20,000/-) लेने के बाद पता चला कि उक्त भूमि का वास्तविक मालिक कोई अन्य व्यक्ति है।

गंभीर आरोप एवं धोखाधड़ी का तरीका:
पीड़ित पक्ष और स्थानीय सूत्रों का आरोप है कि उक्त आरोपी दंपत्ति इसी कार्यप्रणाली के तहत लोगों को अपना शिकार बनाते हैं:

  • फर्जी संपत्ति सौदा: सबसे पहले लोगों को ऐसी संपत्तियां दिखाई जाती हैं जिन पर इनका कोई कानूनी स्वामित्व नहीं होता, और उनसे अग्रिम धनराशि ऐंठ ली जाती है।
  • पैसे मांगने पर झूठे मुकदमे का षड्यंत्र: जब पीड़ित व्यक्ति पोल खुलने पर अपनी राशि वापस मांगता है, तो उसे पैसे देने के बहाने अपने निवास स्थान पर बुलाया जाता है।
  • झूठे आरोप व ब्लैकमेलिंग: वहां आरोपी महिला द्वारा स्वयं को चोट पहुंचाने या कपड़े फाड़कर पीड़ित पक्ष पर ही मारपीट, दुर्व्यवहार व गंभीर धाराओं में झूठा मुकदमा दर्ज कराने का षड्यंत्र रचा जाता है, ताकि पीड़ित व्यक्ति डरकर अपने पैसे भूल जाए।
  • आपराधिक इतिहास: पीड़ित पक्ष के अनुसार, आरोपियों के विरुद्ध पूर्व में भी धोखाधड़ी, ब्लैकमेलिंग और कूटरचित मुकदमों से जुड़े 10 से अधिक मामले दर्ज या विचाराधीन हैं।

घटना एवं मारपीट का विवरण:
दिनांक 03 जून 2026 को जब पीड़िता ने अपने पैसों की मांग की, तो आरोपी देवेन्द्र शाही द्वारा उनके साथ मारपीट और गाली-गलौज की गई तथा जान से मारने की धमकी दी गई। इस संदर्भ में पीड़िता की डॉक्टरी जांच, ऑनलाइन बैंक ट्रांसफर के साक्ष्य और डिजिटल चैट हिस्ट्री पुलिस को सौंप दी गई है।

पंजीकृत धाराएं:थाना रानीपुर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 के तहत निम्नलिखित धाराओं में मामला दर्ज किया है:

  • धारा 115(2): स्वेच्छा से चोट पहुँचाना
  • धारा 316(2): आपराधिक न्यासभंग (Trust Breach)
  • धारा 318(4): धोखाधड़ी और बेईमानी से संपत्ति हड़पना (Cheating)
  • धारा 351(2): जान से मारने व आपराधिक धमकी देना
  • धारा 352: शांति भंग करने के इरादे से अपमान करना

मामले की विस्तृत विवेचना उपनिरीक्षक पुनीत दानोसी द्वारा की जा रही है। पुलिस द्वारा आरोपियों के पुराने आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है।

जारीकर्ता: पीड़ित पक्ष (श्रीमती रानी गोस्वामी एवं परिवार)

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *