“सनातन धर्म विश्व कल्याण का मार्ग, इसकी ज्योति घर-घर तक पहुंचाना हमारा संकल्प” : संजीवन नाथ महाराज
हरिद्वार(कमल शर्मा)गुरु श्री गोरखनाथ अलख अखाड़े द्वारा आयोजित भव्य पट्टाभिषेक एवं महामंडलेश्वर अलंकरण समारोह आध्यात्मिक गरिमा और वैदिक परंपराओं के बीच संपन्न हुआ। अखाड़े के अध्यक्ष परम पूज्य संजीवन नाथ महाराज के नेतृत्व में आयोजित इस समारोह में देश के विभिन्न राज्यों से आए संत-महात्माओं को उनके तप, त्याग, ज्ञान और धर्मसेवा के सम्मान स्वरूप महामंडलेश्वर पद से विभूषित किया गया।

समारोह को संबोधित करते हुए अखाड़े के अध्यक्ष संजीवन नाथ महाराज ने कहा, “सनातन धर्म केवल एक आस्था नहीं, बल्कि सम्पूर्ण मानवता के कल्याण का मार्ग है। हमारा संकल्प है कि गुरु श्री गोरखनाथ की तप, योग और लोककल्याण की परंपरा को देश-विदेश तक पहुंचाकर भारतीय संस्कृति की दिव्य ज्योति को जन-जन में प्रज्वलित करें। वसुधैव कुटुम्बकम् की भावना ही सनातन की सबसे बड़ी शक्ति है और इसी संदेश को लेकर अलख अखाड़ा निरंतर आगे बढ़ रहा है।”

उन्होंने कहा कि अखाड़ा केवल धार्मिक अनुष्ठानों तक सीमित नहीं है, बल्कि गौसेवा, शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यावरण संरक्षण, आपदा राहत और मानव सेवा जैसे अनेक जनकल्याणकारी कार्यों में भी सक्रिय भूमिका निभा रहा है। नई पीढ़ी को भारतीय संस्कृति, संस्कार और राष्ट्र निर्माण से जोड़ना अखाड़े का प्रमुख उद्देश्य है।

समारोह में परम पूज्य कंचन सोनी जी महाराज, पूनम जी महाराज (हरियाणा), सुनील शर्मा जी महाराज (राजस्थान), कृष्णकांत अत्रेय जी, नीरज जी महाराज (उत्तर प्रदेश), रेखा कुमारी कौशल जी महाराज, सुमन देवी जी महाराज, बाबूराव त्र्यंबक (महाराष्ट्र), सचिन कुमार बाबासाहेब काल्पनी सहित अनेक संतों को महामंडलेश्वर पद पर अलंकृत किया गया।
यह भव्य आयोजन परम पूज्य शंकर नाथ जी महाराज, महामंडलेश्वर जगदीश प्रजापति जी महाराज, महामंडलेश्वर 1008 हर्षिता जी महाराज तथा महामंडलेश्वर 1008 साईं मां नाथ महाराज के पावन सान्निध्य में संपन्न हुआ।

वक्ताओं ने कहा कि भारत की आत्मा उसकी सनातन संस्कृति और आध्यात्मिक परंपरा में निहित है। यदि युवा पीढ़ी अपने धर्म, संस्कार और सांस्कृतिक मूल्यों से जुड़ी रहेगी तो भारत की गौरवशाली विरासत सदैव सुरक्षित रहेगी। इसी उद्देश्य को लेकर गुरु श्री गोरखनाथ अलख अखाड़ा देश-विदेश में धर्म, अध्यात्म, योग और भारतीय संस्कृति का व्यापक प्रचार-प्रसार कर रहा है।

इस अवसर पर श्रीमती अंजलि अरोड़ा, सोनिया सिंह (जौनपुर), कुंवर सिंह बिशनपुर वाले, सुनील शर्मा कोतवाल, कमल मुनि महाराज सहित बड़ी संख्या में संत-महात्मा, श्रद्धालु एवं भक्तजन उपस्थित रहे। समारोह का समापन सनातन धर्म की उन्नति, राष्ट्र कल्याण और विश्व शांति की मंगलकामना के साथ हुआ।





